- निजी विश्वविद्यालयमन के कुलपतिमन के समीक्षा बैठक म PhD शोध के रैंडम चेकिंग, NAAC ग्रेडिंग, रोजगारपरक शिक्षा अउ छत्तीसगढ़ी भाषा के संवर्धन ऊपर कड़ा निर्देश दीन।
रायपुर: छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ह निजी विश्वविद्यालयमन के कुलपतिमन के समीक्षा बैठक म साफ़ कहिन कि विश्वविद्यालय शिक्षा के पबित्तर मंदिर हे अउ विद्यार्थीमन के कल्याण अउ सर्वांगीण विकास ओंकर सबले पहली प्राथमिकता होना चाही। राजभवन म आयोजित ए उच्चस्तरीय बैठक म विश्वविद्यालयमन के शिक्षा अउ शोध के गुणवत्ता, नवा पाठ्यक्रममन के प्रासंगिकता अउ सामाजिक दायित्वमन के विस्तार ले समीक्षा करे गिस।
बैठक के प्रमुख निर्देश अउ निर्णय
- PhD शोध के रैंडम चेकिंग: पीएचडी पंजीयनमन अउ शोध काममन के गुणवत्ता अउ पारदर्शिता तय करे बर बिषय विशेषज्ञमन के माध्यम ले रैंडम चेकिंग कराए जाही।
- NAAC ग्रेडिंग अउ विद्यार्थीमन के संख्या: सब्बो निजी विश्वविद्यालयमन ला नैक (NAAC) म नीक ग्रेडिंग पाए बर तैयारी करे अउ हर संस्थान म कम ले कम 1,000 विद्यार्थीमन के संख्या तय करे के निर्देश दिए गिस।
- गैर-उपयोगी पाठ्यक्रम होही बंद: जे बिषयमन म विद्यार्थीमन के रुचि या संख्या नइ हे, ओमन ला बंद करके साइबर सुरक्षा, एनवायरनमेंटल साइंस अउ राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के तहत इंटीग्रेटेड कोर्स शुरू करे ऊपर जोर दिए गिस।
- छत्तीसगढ़ी भाषा के संरक्षण अउ शोध: स्थानीय भाषा, संस्कृति अउ साहित्य के संवर्धन बर विश्वविद्यालयमन म छत्तीसगढ़ी भाषा ले जुड़े बिषयमन ऊपर अकादमिक अउ शोध गतिविधिमन ला बढ़ावा दिए जाही।
- गांव गोद लेना अउ स्वास्थ्य सर्वे: विश्वविद्यालयमन ला तीर-तखार के गांवमन ला गोद लेके ओती नियमित स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम अउ ब्रेस्ट कैंसर सर्वे कराए के जिम्मेदारी दिए गे हे।
- फार्मेसी बर इंडस्ट्री टाई-अप: मानव स्वास्थ्य ले जुड़े फार्मेसी पाठ्यक्रममन के व्यावहारिक प्रशिक्षण बर नामी कंपनीमन के संग टाई-अप अउ नियमित मॉनिटरिंग अनिवार्य करे गिस।
गुणवत्तापूर्ण शोध अउ NAAC सुधार ऊपर जोर
राज्यपाल डेका ह कहिन कि विश्वविद्यालय खाली उपाधि (डिग्री) बांटे तक सीमित नइ रहें। शोध अइसन होना चाही जेखर देश अउ समाज के विकास म सही मायने म योगदान होवे। एकर संगीच विश्वविद्यालयमन म शिक्षक अउ विद्यार्थीमन के अनुपात ला संतुलित रखे अउ नीक शैक्षणिक माहौल बनाए के निर्देश दिए गिस।
भविष्य के जरूरतमन के हिसाब ले पाठ्यक्रम
नवा कोर्स शुरू करे ले पहली संबंधित क्षेत्रमन म सर्वे करके विद्यार्थीमन के रुचि अउ रोजगार के संभावनामन के आकलन करना अनिवार्य होही। बिना काम के बिषयमन के जगह म आधुनिक तकनीकमन अउ उबरत क्षेत्रमन ऊपर ध्यान दे के गोठ कहे गिस।
स्वास्थ्य, योग अउ नशा मुक्ति अभियान
विद्यार्थीमन के मानसिक अउ शारीरिक स्वास्थ्य बर योग अउ ध्यान ला ओंकर रोज के जिनगी के हिस्सा बनाए ऊपर बल दिए गिस। एकर बाहिर, युवामन ला नशा के खरई असर ले जागरूक करे बर विश्वविद्यालयमन ला नशा मुक्ति अभियानमन म सक्रिय भूमिका निभाए बर कहे गिस।
बैठक म मौजूदगी
समीक्षा बैठक म राज्यपाल के सचिव डॉ. सी. आर. प्रसन्ना, उच्च शिक्षा सचिव अविनाश चंपावत, निजी विश्वविद्यालय विनियामक आयोग के अध्यक्ष वी. के. गोयल संग राज्य के अलग-अलग निजी विश्वविद्यालयमन के कुलपति उपस्थित रीहिन।
