शिशु ह जीवन के ओ नाजुक चरण आय, जिहां सही खान-पान अऊ स्वास्थ्य के देखभाल ओकर आवइया समय के दिशा तय करथे। भारत जइसे विकासशील देश म 0 ले 5 साल तक के लइका मन म कुपोषण, खून के कमी (एनीमिया) अऊ अलग-अलग छूत के बीमारी मन के दर ला कम करे बर स्वास्थ्य अऊ महिला-बाल विकास विभाग कोति ले ‘शिशु संरक्षण माह’ मनाए जाथे। ए ह एक विशेष स्वास्थ्य अभियान आय, जे ह नवजात अऊ छोटे लइका मन के स्वास्थ्य के सुरक्षा बर एक मजबूत ढाल के काम करथे। छत्तीसगढ़ राज्य म ए अभियान के नवा चरण शुरू हो चुके हे, जेकर तहत 9 महीना ले 5 साल तक के लइका मन के विशेष देखभाल करे जात हे।
अभियान के मुख्य उद्देश्य:
ए विशेष महिना ला मनाए के पहिल लक्ष्य लइका मन के मृत्यु दर अऊ 5 साल ले कम उमर के लइका मन के मृत्यु दर म कमी लाना आय। एकर संग-संग, लइका मन म सही समय म बीमारी मन के पहचान करना, ओमन ला जरूरी विटामिन अऊ खनिज देना, अऊ महतारी मन ला सही खान-पान अऊ साफ-सफाई बर जागरूक करना ए अभियान के मुख्य उद्देश्य आय।
प्रमुख स्वास्थ्य सुविधा अऊ काम-काज:
शिशु संरक्षण माह के दौरान गांव-गांव अऊ शहर मन म स्वास्थ्य केंद्र अऊ आंगनबाड़ी केंद्र मन के माध्यम ले ए जम्मो सुविधा मन दी जाथे:
- विटामिन ‘ए’ के खुराक: 9 महीना ले 5 साल तक के लइका मन ला रतौंधी जइसे आंखी के बीमारी ले बचाए बर अऊ बीमारी मन ले लड़े के ताकत (रोग प्रतिरोधक क्षमता) बढ़ाए बर विटामिन ‘ए’ के खुराक दी जाथे।
- एनीमिया ले बचाव: 6 महीना ले 5 साल तक के लइका मन ला खून के कमी ले सुरक्षित रखे बर आयरन अऊ फॉलिक एसिड (IFA) सिरप बांटे जाथे।
- पूरा टीकाकरण: जे लइका मन के नियम ले लगइया सुई (टीका) छूट गे हे, ओमन ला खसरा, रुबेला, पोलियो, काली खांसी अऊ टिटनेस जइसे जानलेवा बीमारी ले बचाए बर सुई लगाए जाथे।
- कुपोषण के पहचान अऊ इलाज: आंगनबाड़ी स्तर म जम्मो लइका मन के वजन अऊ लंबाई नाप के गंभीर अऊ मध्यम कुपोषित लइका मन के पहचान करे जाथे, जेमन ला जरूरत के हिसाब ले पोषण पुनर्वास केंद्र भेजे जाथे।
- झाड़ा-उल्टी नियंत्रण अऊ ओआरएस: लइका मन म पानी के कमी ला रोके बर महतारी मन ला ओआरएस के पैकेट अऊ जिंक के गोली दी जाथे।
जागरूकता अऊ सलाह बैठक:
सिरिफ दवाई देनाच ए अभियान के हिस्सा नोहे, भलुक महतारी अऊ परिवार मन के सोच अऊ आदत ला बदलना घलोक एकर बड़ अंग आय:
- दूध पियाना अऊ ऊपर के खान-पान: जनम के 1 घंटा के भीतर दाई के पहिल गाढ़ा पीला दूध (कोलस्ट्रम) अऊ शुरुआती 6 महीना तक सिरिफ दाई के दूध पियाए म जोर दे जाथे। एकर बाद 6 ले 12 महीना के उमर म लइका ला धीरे-धीरे पौष्टिक ठोस अऊ गाढ़ा अहार (ऊपरी आहार) देना शुरू करे के सलाह दी जाथे।
- शिशु के मानसिक अऊ शारीरिक विकास: लइका के दिमाग के विकास बर ओकर ले गोठियाव, ओकर संग खेलव अऊ पूरा नींद (4 ले 12 महीना के लइका मन बर 12 ले 16 घंटा) तय करव। भुइयां म रेंगना अऊ शारीरिक गतिविधि ले लइका ह मजबूत बनथे।
- साफ-सफाई अऊ सैनिटेशन: हाथ धोए के सही आदत अऊ साफ-सफाई के महत्व म गोठबात करे जाथे, जेकर ले छूत के बीमारी ले बचाव हो सके।
शिशु संरक्षण माह सिरिफ एक सरकारी कार्यक्रम नोहे, भलुक ए ह हर परिवार अऊ समाज बर अपन लइका मन बर जिम्मेदारी ला समझे के समय आय। जब समाज के हर वर्ग—स्वास्थ्य कार्यकर्ता, मितानिन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अऊ दाई-ददा—एक संग मिलके गोहार लगिहीं, तब्बे हमन एक सुघर, कुपोषण-मुक्त अऊ मजबूत पीढ़ी के निर्माण कर सकिबोन।
