- उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा अउ वन मंत्री केदार कश्यप हा बाइक चलाके करिन अगवाई, नक्सल प्रभावित इलाका मन मा पहुचही तिरंगा
- उपमुख्यमंत्री अउ वन मंत्री हा फूंकिन विकास के बिगुल, दिहिन विकास के आगाज के संदेश
रायपुर, बस्तर मा शांति, एकता अउ राष्ट्र निर्माण के संदेश लेके बुध के दिन नारायणपुर जिला मुख्यालय के हायर सेकेंडरी स्कूल ग्राउंड ले ‘बस्तर तिरंगा यात्रा 2026’ के सुरुआत होईस। छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अउ गृह मंत्री विजय शर्मा अउ वन मंत्री केदार कश्यप हा बाइक मा तिरंगा लेके यात्रा के अगवाई करत रवाना होइन, जेला क्षेत्र के अलग-अलग समाज के प्रमुख मन हा हरियर झंडी देखाके रवाना करिन। आयोजन मा पहुंचे लइका मन ले दुनो मंत्री मन हा आत्मीयता के संग मुलाकात करके ओमन के उत्साह बढ़ाइन अउ शांति अउ विकास के संदेश दिहिन।
यात्रा के मुख्य बातें अउ महत्तम जानकारी
1. नक्सल प्रभावित इलाका मन मा पहुचही तिरंगा
- संदेश: उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा हा कहिन कि ए यात्रा ओ इलाका मन ले होके गुज़रही, जिहां पहिली नक्सली घटना मन ले लोगन प्रभावित रीहीन। एकर ले देश अउ दुनिया ला संदेश जाही कि अब ए क्षेत्र ले नक्सलवाद खतम हो चुके हावय।
- विशेष चुनाव: नारायणपुर के चुनाव खास मकसद बर करे गे हावय, काबर कि ए जिला सबले जादा समय तक नक्सल प्रभावित रीहीस।
- समापन: यात्रा के समापन 14 अगस्त ला बीजापुर जिला के कर्रेगुट्टा पहाड़ी मा तिरंगा फहराके करे जाही।
2. संविधान लागू अउ 90 ले जादा गांव मा पहिली पल्टन फहराही तिरंगा
- प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी अउ केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन अउ मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के अगवाई मा माओवाद के खिलाफ नीति बनाके 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद ला राज्य अउ देश ले खतम करे गे हावय।
- स्वतंत्रता दिवस मा बस्तर संभाग के 90 ले जादा अइसन गांव हवयं, जिहां आजादी के बाद पहिली पल्टन तिरंगा लहराही।
- उपमुख्यमंत्री हा कहिन कि तिरंगा फहरे के मतलब बाबा साहब के लिखे संविधान अब राज्य के कोना-कोना मा लागू होही। पहिली माओवादी मन काला झंडा लगाए के फरमान देवत रीहीन, आज हर घर मा तिरंगा फहरत हावय।
3. शहीद मन के सुरता मा बने स्मारक बर माटी होही एकत्र
- वन मंत्री अउ नारायणपुर विधायक केदार कश्यप हा कहिन कि यात्रा ओ जगा मन के माटी ला जमा करही, जिहां हमर जवान अउ नागरिक मन हा शहादत दिहे हवयं।
- ए माटी के उपयोग भविष्य मा बनाए जाए वाले स्मारक मा करे जाही।
तिरंगा यात्रा के 3 दिन के रद्दा (Route Chart)
- पहिला दिन (12 अगस्त): नारायणपुर ले सुरू होकर मुंजमेटा, झारागांव, धौड़ाई, कन्हारगांव, कड़ेनार, बोदली, सातधार, बारसूर होते हुए दंतेवाड़ा पहुंचीस।
- दूसर दिन (13 अगस्त): दंतेवाड़ा ले सुकमा अउ बीजापुर जिले के अलग-अलग नक्सल प्रभावित क्षेत्र मन ले होके गुज़रही।
- तीसर दिन (14 अगस्त): बीजापुर ले आवापल्ली, उसूर, गलगम, नंबी, ताड़पाला होते हुए कर्रेगुट्टा पहाड़ी मा यात्रा के समापन होही।
मंत्री मन के संदेश
“अब दुनिया के लोगन बस्तर ला जानहीं अउ बस्तर के लोगन नवा इतिहास लिखहीं”
— विजय शर्मा (उपमुख्यमंत्री अउ गृह मंत्री)
“बस्तर मा अब लोगन ला मूलभूत सुविधा, विकास काम अउ सुरक्षा के माहौल मिलत हावय। शासन सड़क, शिक्षा, कौशल विकास, अउ रोजगार बर योजनाबद्ध काम करत हावय। निर्माण काम मा गड़बड़ी करे वाला मन ऊपर कड़ा कार्रवाई करे जाही।”
“बस्तर अब विकास अउ समृद्धि के रद्दा मा आगू बढ़त हावय”
— केदार कश्यप (वन मंत्री अउ विधायक, नारायणपुर)
“जेन जगा मन ला कभी नक्सल गतिविधि मन के केंद्र माने जावत रीहीस, आज उहां ले तिरंगा यात्रा निकलत हावय। बस्तर अब नक्सलमुक्त होके आगू बढ़त हावय।”
कार्यक्रम मा प्रमुख उपस्थिति
ए मौका मा लघु वनोपज संघ के अध्यक्ष रूपसाय सलाम, जिला पंचायत अध्यक्ष नारायण मरकाम, नगर पालिका अध्यक्ष इंद्रप्रसाद बघेल, कमिश्नर बस्तर डोमन सिंह, आईजी बद्री नारायण मीणा, कलेक्टर नम्रता जैन, एसपी संदीप कुमार पटेल, जनप्रतिनिधि, अधिकारी अउ भारी संख्या मा युवा मन मौजूद रीहीन।
